टाइट कच्छी पहनी माँ को गोद में बिठाकर चोदा

अपनी माँ की टाइट सिल्क साड़ी ऊपर करके उनकी पतली कच्ची समेत गोद में बिठा लिया। उनकी मोटी गांड मेरे खड़े लंड पर रगड़ते हुए मैंने उन्हें पूरी रात चोदा। आह्ह़… उनकी कच्ची खींचकर, गांड पर थप्पड़ मारकर, चुचियां दबाते हुए उनकी चूत और गांड दोनों फाड़ दी। पूरी कहानी पढ़कर आप भी पागल हो जाएंगे!

लेखक: Vijay Gopal8 मिनट पढ़ने में
टाइट कच्छी पहनी माँ को गोद में बिठाकर चोदा

रात के एक बज चुके थे। पूरा घर अंधेरे में डूबा हुआ था। पापा तीन दिन के लिए शहर से बाहर गए हुए थे। रोहन अपने कमरे में बिस्तर पर लेटा था, लेकिन उसे नींद नहीं आ रही थी। उसकी आँखों के सामने बार-बार अपनी माँ राधिका का हॉट, सेक्सी और मोटा-भरा हुआ शरीर घूम रहा था। 22 साल का रोहन पिछले कई महीनों से अपनी माँ को देख-देखकर लंड हिलाता रहता था।

उसकी माँ राधिका 42 साल की थीं, लेकिन देखने में 30 से भी कम लगती थीं। उनकी कमर पतली, गांड भारी और गोल, चुचियां बड़ी-बड़ी और दूध जैसी गोरी थीं। आज वो रेशमी ब्लैक सिल्क की साड़ी पहने हुए थीं जो उनकी गांड पर इतनी टाइट चिपकी हुई थी कि हर नस-नस दिख रही थी।

रोहन ने अपने कमरे में एक पोर्न वीडियो चला रखी थी जिसमें बेटा अपनी माँ को बेरहमी से चोद रहा था। उसके लंड ने पैंट फाड़ने की कोशिश शुरू कर दी थी। आज उसने फैसला कर लिया था – वो अपनी माँ को चोदेगा, चाहे जो हो जाए।

धीरे-धीरे उठकर वो चुपके से अपनी माँ के कमरे की तरफ बढ़ा। दरवाजा हल्का खुला था। अंदर हल्की नीली लाइट जल रही थी जो कमरे को और भी गर्म बना रही थी।

राधिका दूसरी तरफ मुंह करके सो रही थीं। उनकी साड़ी का पल्लू पूरी तरह सरककर नीचे गिर गया था। ब्लाउज का हुक ढीला हो चुका था और उनकी भारी-भारी गोरी चुचियां आधी बाहर झूल रही थीं। निप्पल हल्के से उभरे हुए दिख रहे थे।

सबसे आकर्षक दृश्य उनकी गांड का था। सिल्क की टाइट साड़ी उनकी मोटी, चिकनी और गोल गांड पर इतनी कसकर चिपकी हुई थी कि चड्डी का पूरा उभार साफ नजर आ रहा था। गांड की दोनों तरफ की मांसल लाइनें और दरार का गहरा उभार देखकर रोहन का मुंह सूख गया।

वो धीरे-धीरे उनके बिस्तर के पास पहुंचा। सबसे पहले उसने अपनी माँ की गांड पर हाथ फेरा। गर्म, नरम और जूसी। “हायyy… कितनी टाइट और मोटी गांड है माँ की…”

उसने चुपके से अपना चेहरा उनकी गांड पर रख दिया और गहरी सांस ली। एक मीठी, औरत की देह की मदमाती खुशबू उसके दिमाग में घुस गई। वो पागल हो गया। उसने मुंह खोलकर साड़ी के ऊपर से ही उनकी गांड को चूसना शुरू कर दिया। फिर उसने जीभ निकालकर गांड की दरार पर चाटने लगा।

राधिका अभी भी गहरी नींद में थीं। रोहन अब और बड़ा कदम उठाने को तैयार था। उसने बेड के पीछे लेटकर अपनी लंबी टांगें उनकी टांगों के बीच डाल दीं और अपना 8 इंच लंबा, मोटा, तना हुआ लंड उनकी गांड पर चिपका दिया – पैंट के ऊपर से ही। पूरी गर्म और भारी गांड उसके लंड पर परफेक्ट फिट बैठ गई। उसने धीरे-धीरे लंड को उनकी गांड की दरार में रगड़ना शुरू किया। गर्मी और नरमी से उसका लंड और भी सख्त हो गया।

कुछ देर बाद उसकी हिम्मत बढ़ गई। उसने बहुत धीरे से उनकी साड़ी को नीचे से ऊपर की तरफ सरकाना शुरू किया। जैसे ही साड़ी थोड़ी ऊपर हुई, राधिका की नींद टूट गई। उन्होंने चौंककर पीछे मुड़ा तो उनके सामने रोहन खड़ा था, लंड बाहर निकाला हुआ, पूरा ८ इंच का मोटा और नसों वाला लंड लहरा रहा था।

“अरे रोहन! तू… तू इतनी रात को मेरे कमरे में क्या कर रहा है? ये… ये सब क्या है बेटा?!” उनकी आवाज काँप रही थी।

रोहन ने गहरी सांस ली और बोला, “माँ… मैं बहुत दिनों से आपको देख रहा हूँ। आप इतनी हॉट, इतनी सेक्सी और इतनी मोटी गांड वाली हो कि मुझे काबू नहीं रहता। मैं आपको चोदना चाहता हूँ। बस एक बार प्लीज… मना मत करो।”

राधिका सिसक उठीं, “ये गलत है रोहन… मैं तेरी माँ हूँ… पापा को पता चल गया तो क्या होगा?”

लेकिन रोहन ने देख लिया था कि उनकी आँखों में शर्म के साथ इच्छा भी थी। उसने तुरंत उन्हें दोनों कंधों से पकड़ा और जोर से बिस्तर पर धकेल दिया। “पापा को कुछ नहीं पता चलेगा। आज रात तुम मेरी हो, मेरी रांड।”

राधिका “नहीं… नहीं बेटा…” कह रही थीं, लेकिन रोहन ने उनकी कमर पकड़कर उन्हें पेट के बल लिटा दिया। उनकी भारी गोरी गांड अब हल्के-हल्के ऊपर-नीचे हिल रही थी।

“आजा बेटा… चोद दे अपनी माँ को…” उनकी आवाज में अब हार और कामुकता दोनों थी।

रोहन की किस्मत खुल गई। उसने तुरंत उनकी साड़ी कमर तक चढ़ा दी। पतली लाल चड्डी गांड की दरार में कसकर चिपकी हुई थी। उसने पहले चड्डी की पतली रस्सी को खींचा।

“आह्ह्ह… उममम… मेरी चूत में घुस रही है…” राधिका कराह उठीं। रोहन ने साड़ी को पूरी तरह ऊपर किया और जोर-जोर से उनकी गांड पर थप्पड़ मारने लगा। थप्प! थप्प! थप्प!

गोरी चिकनी गांड लाल हो गई। उसके हाथों के गहरे निशान पड़ गए। फिर उसने मुंह गाड़कर गांड चाटना शुरू किया। चड्डी को साइड में किया और गुलाबी छोटी-सी गांड की छेद को जीभ से चाटने लगा। राधिका पूरे शरीर से सिहर रही थीं।

उसने झटके से उनका ब्लाउज फाड़ दिया। दो बड़े-बड़े, भारी, गोरे स्तन बाहर लटक आए। रोहन ने उनके बाल पकड़कर सिर ऊपर किया और एक हाथ से दोनों चुचियों को जोर-जोर से मसलने और निप्पल खींचने लगा। “आह्ह्ह… धीरे बेटा… उममम…”

रोहन बिस्तर पर बैठ गया। “आओ माँ, मेरे लंड पर बैठो।” राधिका उठीं। चड्डी अभी भी पहने हुए थी। उन्होंने साइड मुंह करके बेटे की गोद में बैठकर अपना मुंह उसके मुंह में डाल दिया। दोनों गहरी किस करने लगे। राधिका अपनी मोटी गांड को उसके लंड पर तेजी से रगड़ रही थीं।

रोहन ने पीछे हाथ डालकर चड्डी के अंदर उंगलियाँ डालीं और उनकी गांड को बुरी तरह मसलने लगा। “अब मैं तुम्हारी गांड मारूंगा माँ।” “बेटा… बहुत टाइट है… बहुत दर्द होगा…”

“चुप रांड! आज तुझे पूरा चोद के रख दूंगा।” रोहन ने चड्डी को साइड किया, उनकी गांड ऊपर उठाई और 8 इंच का मोटा लंड उनकी गांड की छेद पर रखकर जोर का धक्का दिया।

“आआआह्ह्ह्ह!!! मार डाला!!! पूरा घुस गया रे!!!”

एक ही झटके में पूरा लंड उनकी गांड में चला गया। राधिका चीख पड़ीं, उनके नाखून रोहन की पीठ में गड़ गए। रोहन ने रुकने की बजाय तेजी से अंदर-बाहर करना शुरू कर दिया। पच्च… पच्च… पच्च… की आवाज पूरे कमरे में गूंज रही थी।

धीरे-धीरे दर्द के बाद मजा आने लगा। राधिका खुद अपनी गांड हिलाने लगीं, “हाँ बेटा… जोर से… अपनी माँ की गांड फाड़ दे…”

रोहन ने उन्हें डॉगी स्टाइल में खूब चोदा, फिर उन्हें ऊपर बिठाकर काउगर्ल स्टाइल में गांड मारी। बाद में उन्हें लिटाकर एक टांग कंधे पर रखकर गहरी चुदाई की। उनकी चुचियों को दबाता, थप्पड़ मारता, बाल खींचता रहा। आखिरकार जब दोनों थक चुके थे, रोहन ने तेज रफ्तार पकड़ ली। “माँ… मेरा निकलने वाला है!”

“अंदर ही डाल दे बेटा… अपनी माँ की चूत और गांड में भर दे अपना वीर्य…”

एक जोरदार झटके के साथ रोहन का गाढ़ा, गर्म वीर्य उनकी गांड और चूत में भर गया। राधिका भी जोर से झड़ गईं।

जब रोहन ने लंड निकाला तो गाढ़ा वीर्य उनकी गांड से रिस-रिसकर बाहर आ रहा था। उसने उंगली डालकर वीर्य निकाला और माँ के मुंह में डाल दिया। राधिका ने आँखें बंद करके पूरी उंगली चूस ली।

दोनों थककर एक-दूसरे से लिपटकर बिस्तर पर लेट गए। राधिका ने रोहन के सीने पर हाथ फेरते हुए कहा, “आज तूने मुझे पूरी तरह रांड बना दिया है बेटा… लेकिन अब तुझे रोज चोदना पड़ेगा मुझे… समझा? मेरी गांड और चूत अब तेरी हैं।”

रोहन मुस्कुराया, उनकी गांड पर एक जोरदार थप्पड़ मारा और बोला, “हाँ माँ… अब ये दोनों छेद हमेशा मेरे लंड के लिए तैयार रहेंगे।”

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